महाप्रबंधक, उत्तर पश्चिम रेलवे, अमिताभ ने गांधीनगर जयपुर रेलवे स्टेशन का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं जायजा लिया
जयपुर। रेलवे द्वारा दीपावली, छठ पूजा और त्यौहारों को ध्यान में रखते हुए विशेष प्रबंध किए गए है। रेलवे द्वारा देश में रिकॉर्ड 12,000 स्पेशल रेल सेवाओं का विभिन्न गंतव्यों के लिए संचालन किया जा रहा है। इसी क्रम में उत्तर पश्चिम रेलवे द्वारा भी त्यौहारों पर अतिरिक्त यात्री भार को देखते हुए विभिन्न गंतव्य स्थानों के लिए 104 स्पेशल ट्रेनों के 968 फेरों का संचालन किया जा रहा है साथ ही 60 नियमित ट्रेनों में 175 अतिरिक्त डिब्बे जोड़े गए है। इसके साथ ही प्रमुख स्टेशनों पर भीड़ को नियंत्रित करने के विशेष प्रबंध किए गए है।
उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ ने त्योहारों के अवसर पर यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए दिनांक 22.10.25, बुधवार को गांधीनगर जयपुर रेलवे स्टेशन का निरीक्षण किया और यात्री सुविधाओं एवं त्योहारों के अवसर पर की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अमिताभ ने गांधीनगर जयपुर स्टेशन पर स्थित रेलवे सुरक्षा बल के कंट्रोल रूम से यात्री सुरक्षा की मॉनीटरिंग के बारे में जानकारी प्राप्त की एवं आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किए। उन्होने स्टेशन परिसर, प्लेटफार्म, सफ़ाई व्यवस्था एवं सेकंड एंट्री का निरीक्षण किया तथा यात्रियों को बेहतर सुविधाएँ प्रदान करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया। साथ ही स्टेशन रीडेवलपमेंट कार्य के कारण यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो इसके लिए भी दिशा निर्देश प्रदान किए।
अमिताभ ने बताया कि गांधीनगर जयपुर शहर का मुख्य स्टेशन है और शहर के मध्य में रहने वाले निवासी इस स्टेशन से यात्रा करते हैं। इस स्टेशन से आरक्षित श्रेणी में यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या अधिक है। यह स्टेशन काफ़ी व्यवस्थित है, जिससे स्टेशन पर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना आसान रहता है।
उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शशि किरण के अनुसार त्यौहारों के समय स्टेशनों पर यात्री भार को ध्यान में रखते हुए प्रमुख स्टेशनों पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई है। प्रमुख स्टेशनों पर प्लेटफार्म पर अनावश्यक भीड़ नहीं हो इसके लिए प्लेटफार्म टिकट को प्रतिबंधित किया गया है। स्टेशन परिसर में यात्रियों को रोकने के लिए होल्डिंग एरिया बनाए गए है। स्टेशन पर प्रवेश हेतु अनारक्षित और आरक्षित श्रेणी के यात्रियों के लिए अलग-अलग प्रवेश व्यवस्था की जा रही है। साधारण श्रेणी में यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए साधारण श्रेणी कोच के पास बैरिकेट्स लगाकर लाइन के माध्यम से प्रवेश दिया जा रहा है। इसके साथ ही स्टेशन पर टीम बनाकर यात्रियों की सहायता की जा रही है और सहायता बूथ के माध्यम से भी यात्रियों को जानकारी प्रदान की जा रही है। स्टेशनों पर उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से यात्रियों को समुचित जानकारी प्रदान की जा रही है। रेलवे के उच्च अधिकारियों द्वारा स्थिति की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। मुख्यालय एवं मंडल स्तर पर वार रूम की स्थापना की गई है जो कि राउंड द क्लॉक कार्य कर रहे हैं। सुरक्षा व्यवस्था के लिए रेलवे सुरक्षा बल के जवानों द्वारा सर्कुलेटिंग एरिया, प्लेटफॉर्म एवं पैदल ऊपरगामी पुलों पर लगातार गश्त की जा रही है और सीसीटीवी कैमरों द्वारा मॉनिटरिंग की जा रही है साथ ही स्टेशनों के प्रवेश द्वारों पर स्कैनर मशीनों द्वारा यात्रियों के सामान की गहनता से जांच की जा रही है।
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शशि किरण ने बताया कि उत्तर पश्चिम रेलवे पर 01 अक्टूबर से 21 अक्टूबर तक 39 स्पेशल रेलसेवाओं के 102 फेरों का संचालन किया गया, जिसमें लगभग 1.26 लाख आरक्षित श्रेणी में यात्रियों ने यात्रा की। इसके साथ ही 175 नियमित रेलसेवाओं के 1924 फेरों में लगभग 22 लाख आरक्षित श्रेणी में यात्रियों ने यात्रा की। इन रेल सेवाओ में लगभग 94 लाख यात्रियों ने अनारक्षित श्रेणी में सफर किया। इसके अतिरिक्त यात्रियों को राहत प्रदान करने के क्रम में विभिन्न रेलसेवाओं में 175 डिब्बों की अस्थाई बढोतरी की गई है। रेलवे द्वारा नियमित रूप से यात्री भार की मॉनिटरिंग की जा रही है एवं आवश्यकतानुसार स्पेशल रेल सेवाओं का संचालन एवं रेल सेवाओं में अतिरिक्त डिब्बे जोड़े जा रहे हैं।
भारतीय रेलवे द्वारा त्यौहारों के लिए व्यापक प्रबंध एवं विशेष तैयारियां, रिकॉर्ड 12,000 स्पेशल ट्रेनों का संचालन
