मूण्डवा के वैंकटेश मंदिर से चोरी हुआ 20 किलो चांदी का सामान मध्यप्रदेश के कटनी से बरामद, पूर्व पुजारी समेत दो आरोपी गिरफ्तार
जयपुर। नागौर जिला पुलिस की सतर्कता और लगातार पीछा करने की रणनीति के चलते पुलिस थाना मूण्डवा ने वैंकटेश मंदिर में हुई नकबजनी की वारदात का सफल खुलासा करते हुए चोरी गया पूरा सामान बरामद कर लिया। पुलिस टीम ने करीब 17 दिन तक 7 राज्यों में 9000 किलोमीटर पीछा करने के बाद आरोपियों को मध्यप्रदेश के कटनी से दस्तयाब किया।
पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा के निर्देशन में चोरी और नकबजनी पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आशाराम चौधरी तथा वृताधिकारी हरिराम जाखड़ और सतीश कुमार के सुपरविजन में थानाधिकारी सुरेश कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने इस प्रकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
मंदिर के ताले तोड़कर 20 किलो चांदी का सामान चोरी
एसपी कच्छावा ने बताया कि 17 फरवरी 2026 को वैंकटेश मंदिर के व्यवस्थापक जगदीश प्रसाद शर्मा ने पुलिस थाना मूण्डवा में रिपोर्ट दी कि 16 फरवरी की रात अज्ञात चोर मंदिर के मुख्य द्वार के ताले तोड़कर अंदर घुस गए और करीब 20 किलो चांदी के पूजा-सामग्री चोरी कर ले गए। चोरी गए सामान में चांदी के षटकोप, गिलास, कटोरी, चम्मच, पंच पात्र, आरती थाली, सिंहासन, तुलसी माला, सिक्कों का हार और अन्य धार्मिक सामग्री शामिल थी। घटना के बाद क्षेत्र के श्रद्धालुओं में काफी आक्रोश और चिंता का माहौल बन गया।
200 सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से मिला सुराग
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी कच्छावा ने मौके का निरीक्षण कर साइबर सेल और थाना मूण्डवा की संयुक्त टीम गठित की। टीम ने सबसे पहले मूण्डवा कस्बे के लगभग 200 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में दो संदिग्ध व्यक्ति एक पिकअप वाहन से लिफ्ट लेते हुए दिखाई दिए, जिसके आधार पर पुलिस टीम कड़ियां जोड़ते हुए अजमेर रेलवे स्टेशन तक पहुंची।
साथ ही मंदिर में पहले काम कर चुके पुजारियों और कर्मचारियों की जानकारी जुटाई गई। तकनीकी विश्लेषण में मंदिर के पूर्व पुजारी हर्ष कुमार द्विवेदी और उसके साथी पर शक गहराया।
मोबाइल घर पर छोड़कर भागे आरोपी
जांच में सामने आया कि आरोपी बेहद शातिर थे। उन्होंने घटना के बाद अपने मोबाइल और सिम घर पर ही छोड़ दिए ताकि पुलिस लोकेशन के आधार पर उन्हें ट्रेस न कर सके। इसके बाद वे लगातार राज्य बदल-बदल कर घूमते रहे और किसी भी स्थान पर एक-दो दिन से ज्यादा नहीं रुके।
मुंबई, पुणे, उड़ीसा, छत्तीसगढ़ तक पीछा
पुलिस टीम आरोपियों का पीछा करते हुए मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, उड़ीसा और छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों तक पहुंची। इस दौरान पुलिस ने 1500 से अधिक सीसीटीवी फुटेज, 50 बस स्टैंड, 13 रेलवे स्टेशन और 3 एयरपोर्ट पर अलग-अलग वेश में रहकर आरोपियों की तलाश की।
आखिरकार तकनीकी सूचना और मुखबिर तंत्र के आधार पर पुलिस टीम ने कटनी (मध्यप्रदेश) में आरोपी हर्ष कुमार द्विवेदी (37) और उसके साथी राहुल रजक ₹19) निवासी कटनी, मध्यप्रदेश को दस्तयाब कर लिया। मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ में आरोपियों ने चोरी किया सामान कटनी में छुपाना स्वीकार किया। पुलिस टीम ने वहां पहुंचकर मंदिर से चोरी गया पूरा सामान बरामद कर लिया।
ऐसे रची गई थी चोरी की साजिश
मुख्य आरोपी हर्ष कुमार द्विवेदी दिसंबर 2025 में करीब 15 दिन तक वैंकटेश मंदिर में पुजारी के रूप में काम कर चुका था। उसे मंदिर में रखी चांदी की सामग्री और प्रवेश के रास्तों की पूरी जानकारी थी। अपने दोस्त राहुल रजक के साथ मिलकर उसने चोरी की योजना बनाई। दोनों ट्रेन से मूण्डवा पहुंचे और रात में मंदिर की दीवार फांदकर अंदर घुस गए। ताले तोड़कर चांदी का सामान लेकर बाहर निकले और लिफ्ट लेकर हाईवे तक पहुंचे, जहां से बस और ट्रेन के जरिए कटनी भाग गए।
इस कार्रवाई में थाना मूण्डवा की टीम ने लगातार मेहनत करते हुए आरोपियों को पकड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टीम में एसएचओ मूण्डवा सुरेश कुमार, कांस्टेबल रामनिवास, भीखाराम, मनफूल और कांस्टेबल रामलाल शामिल थे।
17 दिन, 7 राज्यों और 9000 किमी पीछा… नागौर पुलिस ने मंदिर चोरी का किया खुलासा
