जयपुर। नगर निगम ग्रेटर आयुक्त श्रीमती रूकमणि रियाड़ ने ऑनलाईन सर्विस जैसेः- फायर एनओसी, ट्रेड लाईन्सेंस, ई-फाईल, मुख्यमंत्री कार्यालय से प्राप्त प्रकरण, सम्पर्क पोर्टल, डोर-टू-डोर वाहनों पर स्वच्छता ब्रांडिंग, राजस्व संबंधी प्रकरण, ओपन कचरा डिपो, प्रधानमंत्री आवास योजना के अन्तर्गत किये गये कार्यो सहित विभिन्न बिन्दुओं पर संबंधित अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की गई।
आयुक्त रूकमणि रियाड़ ने बताया कि शहर की सफाई व्यवस्था की सही मॉनिटरिंग हो इसके लिये जोन उपायुक्त एवं जोन व्प्ब् सुबह 7 बजे से फील्ड में जाये। सफाई कर्मचारियों की हाजिरी चैक की जाये जो सफाई कर्मचारी मौके पर अनुपस्थित पाया जाये उस पर सख्त कार्यवाही की जाये इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सबसे पहले ओपन कचरा डिपो को उठाने का काम होना चाहिए जिससे शहर स्वच्छ दिख सके।
आयुक्त ने ई-फाईल पर चर्चा करते हुए सभी अधिकारियों को 10 घंटे से भी कम समय में फाईलों के निस्तारण के निर्देश दिये। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि खुले में गंदगी फैलाने वाले लोगों पर चालान की कार्यवाही की जानी चाहिए तथा निर्माणधीन जिन बिल्डिग पर ग्रीन नेट नहीं लगाया गया है उन पर सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिये। इसके साथ ही सीएनडी वेस्ट उठाने एवं होटल, रेस्टोरेन्ट, दुकानों आदि पर सिंगल यूज प्लास्टिक जब्त करने के निर्देश दिये।
आयुक्त ने निर्देश दिये कि डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण का शत प्रतिशत कवरेज हो। जोन के समस्त वार्ड क्षेत्र के सम्पूर्ण घरों एवं व्यवसायिक प्रतिष्ठानों से कचरा संग्रहण सुनिश्चित किया जायें। हेल्पर प्रत्येक घर से कचरा लेकर हूपर में डाले यह सुनिश्चित किया जाये तथा कॉल सेन्टर पर आ रही शिकायतों का त्वरित निस्तारण किया जाना चाहिए। उन्होंने गीले व सूखे कचरे के पृथक्करण के संबंध में जागरूक नागरिकों का भी सहयोग लेने की बात कही जिससे आमजन तक गीले व सूखे कचरे के पृथक्करण को आसानी से समझाया जा सके। उन्होंने निर्देश दिये कि 1 मार्च 2025 से 15 मई 2025 तक सभी नालों की सफाई एवं मरम्मत कार्य सुनिश्चित किया जाये इसके साथ ही द्रव्यवती नदी के आस-पास कचरे का निस्तारण किया जाये।
आयुक्त ने नगर निगम ग्रेटर में संचालित विभिन्न ऑनलाईन प्रकरणों के संबंध में भी विस्तृत चर्चा की। जिसके अन्तर्गत ऑनलाईन सर्विसेज जैसे ट्रेड लाईन्सेंस, फायर एनओसी, लीजडीड, सीवर कनेक्शन, म्यूटेशन से संबंधित प्रकरणों पर चर्चा की। इसके साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री कार्यालय से प्राप्त प्रकरणों, सम्पर्क पोर्टल पर लंबित शिकायतों का शीघ्र निस्तारण करने के भी निर्देश दिये।
नगर निगम ग्रेटर आयुक्त ने 3 घंटे से भी अधिक मैराथन बैठक लेकर शहर की सफाई व्यवस्था सहित विभिन्न बिन्दुओं पर की समीक्षा
