टोंक। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव, पूर्व उप मुख्यमंत्री एवं टोंक विधायक सचिन पायलट ने कहा कि लोकसभा चुनाव से पहले 400 पार का दम्भ भरने वाली भाजपा का इंजन 300 भी पार नहीं कर पाया। अपनी बैसाखियों सरकार को बचाने तथा विपक्ष सहित अपने एन.डी.ए. के साथियों पर अंकुश लगाने की नियत से भाजपा ऐसा कानून लेकर आयी है जिससे तीस दिनों तक मुख्यमंत्री या मंत्रियों के जेल में रहने पर उन्हें पद से हटाया जा सके।
उक्त विचार की पायलट ने आज टोंक जिला कांग्र्रेस कमेटी में पार्टी कार्यकर्ताओं से रूबरू होते हुए व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने मनरेगा कानून बनाया जिसने कोविड जैसी महामारी के समय में आम जनता को सम्बल प्रदान करने काम किया। इसी प्रकार शिक्षा का अधिकार, खाद्य सुरक्षा योजना जैसी जनहितैषी योजनाएं लेकर आयी। भाजपा ने अपने शासनकाल में इनको कमजोर करने काम किया है। सरकार ने संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने के साथ ही विपक्ष की आवाज को दबाने का काम किया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति द्वारा सीजफायर पर दिये गये बयान, भारत पर लागू किये गये टैरिफ ने केन्द्र सरकार की विदेश नीति और आर्थिक नीति की पोल खोल दी हैै।
उन्होंने कहा कि संविधान द्वारा प्रत्येक नागरिक को वोट का अधिकार प्रदान किया गया है तथा एक व्यक्ति-एक वोट की व्यवस्था की गई है। भाजपा संविधान प्रदत्त यह अधिकार छीनना चाहती है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष की राहुल गांधी जी ने तथ्यों के साथ इसके प्रमाण प्रस्तुत किये है कि भाजपा वोट की चोरी कर रही है। चुनाव आयोग अपनी निष्पक्षता साबित करने के स्थान पर कांग्रेस से ही सवाल कर रही है। बिहार में चल रहे मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के नाम पर लाखो मदताओं के नाम काट दिये गये, जिसके विरोध में राहुल गांधी जी बिहार में चल रही वोटर अधिकार यात्रा को जनता का अपार समर्थन मिल रहा है। उन्होंने कहा कि जनता को अपने वोट के अधिकार के प्रति सजग रहने की जरूरत है। उन्होने कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आव्हान करते हुए कहा कि प्रत्येक बूथ पर पार्टी के बी.एल.ए., सरकारी बी.एल.ओ. के साथ सजगता से खड़े रहकर मतदाता सूचियों का पुनरीक्षण कार्य सम्पन्न करवाये ताकि किसी भी मतदाता को अपने मताधिकार से वंचित ना होना पड़े।
प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल करते हुए उन्होंने कहा कि लोक-लुभावने वादे करके सत्ता में काबिज हुई भाजपा सरकार से प्रदेश की जनता पौने दो साल में ही उब चुकी है। सरकार अपनी हठधर्मिता के चलते स्थानीय निकायों एवं पंचायत राज संस्थाओं के चुनाव नहीं करवा रही है। किसानों को फसलों का मुआवजा समय पर नहीं मिल रहा है। सरकार व प्रशासन में आपसी समन्वय की कमी है। किसी की कोई जवाबदेयी नहीं है।
पायलट ने आज जिला कांग्र्रेस कमेटी में कार्यकर्ताओं से रूबरू होने के साथ ही ग्रा.पं. छान, पं.स. टोंक में ग्रामीणों से संवाद किया। उन्होंने टोंक शहर के वार्ड नं. 15 के गड्डा पहाड़ियान में जल भराव क्षेत्र का निरीक्षण किया तथा क्षतिग्र्स्त नाले की मरम्मत हेतु विधायक मद से 10 लाख रूपये की घोषणा भी की।
अपनी बैसाखियों की सरकार को बचाने के लिए केन्द्र सरकार लेकर आयी है नया कानून: पायलट
