जयपुर/कोटा। मुंबई पुलिस की हिरासत से फरार मुल्जिम मोहम्मद फ़ायक हुसैन उर्फ वासिफ पुत्र मोहम्मद इसहाक (30) निवासी गादीवली पश्चिम मुंबई को कोटा जिले की भीमगंज मंडी थाना पुलिस, डीएसटी एवं साइबर टीम द्वारा डिटेन कर मुंबई क्राइम ब्रांच को सौंप दिया है। आरोपी दुबई की करेंसी दिरहम को रुपए में बदलने का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का सदस्य है।
एसपी डॉ अमृता दुहन ने बताया कि क्राइम ब्रांच बांद्रा मुंबई यूनिट 9 के एपीआई श्रीराम घोडके ने एसएचओ रामकिशन गोदारा को मुल्जिम मोहम्मद फ़ायक हुसैन उर्फ वासिफ की फोटो व्हाट्सएप पर शेयर कर उसके थाना भीमगंज मंडी में होने की सूचना दी। ठगी के मामले में पकड़े गए आरोपी के पुलिस हिरासत से फरार होने पर थाना डीएन नगर अंधेरी जिला मुंबई शहर में मुकदमा दर्ज हुआ था।
आरोपी के भीमगंज मंडी थाना क्षेत्र में होने की सूचना मिलने पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार सैनी व सीओ गंगासहाय शर्मा के सुपरविजन में एसएचओ रामकिशन गोदारा मय डीएसटी, साइबर सेल द्वारा बजरिया इलाके में सभी होटलों को चैक किया। उसके बाद रेलवे स्टेशन पर तलाश की। पुराने रेलवे पंप हाउस के पास व्हाट्सएप पर प्राप्त फोटो के हुलिये का एक व्यक्ति दिखाई दिया। आरोपी को फोटो के आधार पर पहचान कर डिटेन कर मुंबई क्राइम ब्रांच को सूचना दी गई। मुंबई से पहुंची टीम को आरोपी को सुपुर्द कर दिया गया।
दुबई की दिरहम करेंसी को रुपए में बदलने का झांसा देकर ठगी का आरोपी क्राइम ब्रांच को सौंपा
